☺HINDI PARAGRAPH WRITING - मेरे देश की धरती
अनुच्छेद - 1 - मेरे देश की धरती
Paragraph Translation
भारत एक कृषि-प्रधान देश है।
India is an agrarian (agriculture-based) country.
हमारे देश की आबादी का बहुत बड़ा भाग कृषि पर निर्भर है।
A very large part of our country's population depends on agriculture.
यहाँ की अधिकतर भूमि उपजाऊ है।
Most of the land here is fertile.
गंगा, यमुना, कृष्णा, कावेरी, ब्रह्मपुत्र, सतलुज जैसी नदियाँ इसे सींचती हैं।
Rivers like the Ganga, Yamuna, Krishna, Kaveri, Brahmaputra, and Sutlej irrigate it.
हमारे देश का किसान दिन-रात परिश्रम करके अन्न-धान्य उपजाता है।
The farmer of our country works hard day and night to grow food grains.
वे अपने कठोर परिश्रम से बंजर धरती को भी उपजाऊ बना देते हैं।
Through their grueling hard work, they make even barren land fertile.
आजकल आधुनिक मशीनों, उन्नत तकनीकों, उन्नत बीज व खादों की सहायता से और अधिक अच्छी फसल होने लगी है।
Nowadays, with the help of modern machines, advanced techniques, and improved seeds and fertilizers, better crops are being produced.
किस मिट्टी में किस प्रकार की फसल अच्छी होगी, इसकी जानकारी भी उन्हें दी जाती है।
They are also provided with information regarding which type of crop will grow best in which soil.
इन सबका यह लाभ हुआ है कि हमारा देश कृषि के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बन गया है और अब कृषि उत्पादों का निर्यात भी करने लगा है।
The benefit of all this is that our country has become self-reliant in the field of agriculture and has now started exporting agricultural products.
मेरे देश की माटी सच्चे मायनों में सोना उगल रही है।
In the true sense, the soil of my country is yielding gold (meaning it is highly productive and valuable).
भारत एक कृषि-प्रधान देश है। हमारे देश की आबादी का बहुत बड़ा भाग कृषि पर निर्भर है। यहाँ की अधिकतर भूमि उपजाऊ है। गंगा, यमुना, कृष्णा, कावेरी, ब्रह्मपुत्र, सतलुज जैसी नदियाँ इसे सींचती हैं। हमारे देश का किसान दिन-रात परिश्रम करके अन्न-धान्य उपजाता है। वे अपने कठोर परिश्रम से बंजर धरती को भी उपजाऊ बना देते हैं। आजकल आधुनिक मशीनों, उन्नत तकनीकों, उन्नत बीज व खादों की सहायता से और अधिक अच्छी फसल होने लगी है। किस मिट्टी में किस प्रकार की फसल अच्छी होगी, इसकी जानकारी भी उन्हें दी जाती है। इन सबका यह लाभ हुआ है कि हमारा देश कृषि के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बन गया है और अब कृषि उत्पादों का निर्यात भी करने लगा है। मेरे देश की माटी सच्चे मायनों में सोना उगल रही है।
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